अमेरिका आधारित ट्रून्यूज टीवी : 2020 के आर्थिक संकट के विषय में अबू गजालेह की भविष्यवाणियाँ सत्य होनी प्रारम्भ हो गयीं
19-सितम्बर-2019
अमन-अमेरिका आधारित ट्रून्यूज टीवी ने एचई डॉ. अबू गजालेह के जीवन वृत्त पर उनके पेशेवर कैरियर, व्यापारिक सूझबूझ तथा उपलब्धियों पर एक रिपोर्ट प्रसारित की है। इस रिपोर्ट में उनके द्वारा गत प्रकाशित उन भविष्यवाणियों का भी सन्दर्भ दिया गया है जो आप साकार होनी प्रारम्भ हो गयी हैं और यूरोप में इनका अस्तित्व प्रारम्भ हो गया है।
अपने टीवी प्रस्तुतीकरण में 'खतरनाक क्षेत्र : 2020 में चरम वैश्विक अस्थिरता के संकेत-चक्र' शीर्षक से ट्रून्यूज के संस्थापक तथा होस्ट श्री रिक वाइल्स और उनके अतिथि श्री डॉक बुरखार्ट ने डॉ. अबू गजालेह की संक्षिप्त जीवनी और उनके संयुक्त राष्ट्र एवं अन्तर्राष्ट्रीय स्तर की दर्जनों सदस्यता तथो उनके पोस्ट यह कहते हुए प्रसारित किये कि "वह (अबू गजालेह) व्यापारिक तथा आर्थिक चक्रों को समझने में योग्यतम लोगों में से एक हैं और मैं (वाइल्स) कह सकता हूँ कि यदि वे कानून की अदालत में विश्वास प्रकट कर रहे हैं तो वह इन मामलों के योग्य विशेषज्ञ बन जायेंगे और उनके विचारों में पर्याप्त गम्भीरता होगी।"
इसके अतिरिक्त वाइल्स ने 26 दिसम्बर, 2018 को द जोर्डन टाइम्स में "2020 की वैश्विक अर्थव्यवस्था के संकट का समय आने से पूर्व तैयारी कर लें" नामक शीर्षक से प्रकाशित डॉ. अबू गजालेह को सन्दर्भित एक लेख में एक पैराग्राफ का उल्लेख किया जिसमें कहा गया है : "मझे एक भयंकर आर्थिक संकट की आहट दिखाई दे रही है जो वर्ष 2020 तक सम्भावित है। कुछ विशेषज्ञों के विश्लेषणों के विपरीत मेरे पास यह विश्वास करने के उत्तम कारण हैं कि नया संकट 2008 के संकट की अपेक्षा अधिक भयंकर होगा जिसका वर्णन उस समय फेडरल रिजर्व (एफईडी) के अध्यक्ष बेन बर्नांके ने 'विश्व इतिहास के भयंकरतम आर्थिक संकट' के रूप में किया था। इसी प्रकार और पहले की तरह यह संकट संयुक्त राष्ट्र में प्रारम्भ होगा।"
वाइल्स ने कहा, "जब अरब जगत के सर्वाधिक प्रसिद्ध, आदरणीय और ताकतवर व्यापारी जो कि एक लेखाकार हैं और विश्व भर में उनकी लेखांकन की लगभग 100 लेखांकन कम्पनियाँ हैं, वह अरब व्यापारी समुदाय तथा नेताओं से कह रहे हैं कि 2020 से एक भारी आर्थिक संकट प्रारम्भ होने वाला है और यह अमेरिका में प्रारम्भ होगा जबकि लोग कहेंगे कि अमेरिका में आर्थिक विकास और विस्तार है तो वहाँ वैश्विक आर्थिक संकट कैसे हो सकता है। इसके उत्तर में अबू गजालेह की बात कहते हुए वाइल्स कहते हैं, "यह ठीक वैसे ही होगा जैसे 2008 में हुई था जब बाजार में नकद तरलता की बाढ़ आ गयी थी और ऐसे वायदे किये गये थे जो साकार नहीं हो सके।"
वाइल्स यह कहते हुए लेख का सन्दर्भ देते हैं कि अबू गजालेह कहते रहे हैं कि अमेरिका की विकास दर 2.5% है अत: यह इसका सूचक है कि कोई संकट नहीं होना चाहिए! किन्तु अबू गजालेह कहते हैं कि यह विकास बाजार में अमेरिकी सरकार द्वारा अत्यधिक तरलता लाने से उपभोक्ताओं की माँग में वृद्धि के कारण है और यह वास्तविक वसूली की सूचक नहीं है।
आगामी अमेरिकी चुनावों का सन्दर्भ देते हुए वाइल्स कहते हैं, "मुझे विश्वास नहीं है कि यदि श्री डोनाल्ड पुन: चुने जाते हैं और यदि 2020 में आर्थिक संकट उत्पन्न होता है तो आप अमेरिका में साम्यवाद के पक्ष में भारी मतदान देखेंगे। तब यदि चुनावों से पूर्व आर्थिक संकट उत्पन्न हो जाता है तो अमेरिका में साम्यवादी, समाजवादी तथा लोकतन्त्रवादी धीरे-धीरे सत्ता में प्रवेश करेंगे।" बुरखार्ट ने कहा, "इसका अर्थ यह है कि 2020 के अमेरिकी चुनाव वामपंथियों के पक्ष में होंगे जिसकी आज कल्पना तक नहीं की जा रही है।"
वाइल्स ने कहा कि अबू गजालेह के अनुसार "नवीन आर्थिक संकट अनेक वर्षों तक बना रहेगा और पश्चिमी देशों पर इसका व्यापक प्रभाव पड़ेगा जिससे मुद्रास्फीतिजनित मन्दी होगी और पाँच यूरोपीय देश दिवालिया हो सकते हैं, किन्तु उन्होंने कहा कि इसका अर्थ यह नहीं है कि दुकानें बन्द हो जायेंगी किन्तु सरकारें अपने नागरिकों को सेवाएँ उपलब्ध कराने में सक्षम नहीं रह पायेंगी।"
वाइल्स ने बल दिया कि, "हमें डॉ. अबू गजालेह जैसे वैश्विक लेखाकार व्यक्ति पर विश्वास करना चाहिए जब वह कहते हैं कि पाँच यूरोपीय देश खतरनाक स्थिति में हैं और दिवालिया हो सकते हैं। हमने सरकार को लोगों से गिरवी लेते देखना प्रारम्भ किया है; यह अत्यन्त बुरा है क्योंकि लोगों को अब अर्थव्यवस्था पर भरोसा नहीं रह गया है।"
वाइल्स ने डॉ. अबू गजालेह के दूसरे लेख का भी सन्दर्भ दिया जो "2020 का वैश्विक संकट और तृतीय विश्व युद्ध" शीर्षक से 2 जून, 2019 को द जर्नल टाइम्स में प्रकाशित हुआ था जिसमें वे कहते हैं कि : "अब से कुछ समय के लिए मुझे भयंकर आर्थिक संकट की आहट सुनाई दे रही है जो 2020 तक पूरे विश्व को अपनी चपेट में ले लेगी," और कहा कि, "विश्व के देशों और विशेष रूप से यूरोपीय देशों ने अन्तर्राष्ट्रीय वित्त, व्यापार, कूटनीति तथा युद्ध के मुद्दो पर संयुक्त राष्ट्र पर अपना भरोसा गँवाया है।" वाइल्स ने अबू गजालेह की बातों को ध्यान से सुनने और गम्भीर होने का निवेदन करते हुए अपनी बात समाप्त की।
https://www.youtube.com/watch?v=vumGLhcve1A&t=3938s